Old is Gold
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इन आँखों से हमें
सब कुछ नया नया अौर युवा युवा
अच्छा लगता हैं
जो दिखता है जमाने में
मगर भूल गये हम
क्यों
बुजुर्गो की कहवत :
नयाँ नो दिन- पुराना सौ दिन
" Old is Gold "
" Old is Gold "
कहे शिवराम सुन मीमरोठ
अगर मगर छोड दो
बस इतना तो सब मानते हैं
परियों - देवियों
अखबार और मोबाइल के
नये एडिसन सदैव सबके
मन को भाते हैं ,
अपनों से ज्यादा तो इन्हें पराये लोग
चाहते हैं।
जब इनका रूप पुराना होता हैं
दुनिया की नजरों में ये
बेढंगे - बेकार नजर आाते हैं
अखबार पुराना खुद रद्दी बन जाता हैं
मोबाइल ई- कचरा कहलाता हैं
मैं ही क्यो बताऊ सारी बातें
जमाना सब कुछ जानता हैं
उम्रदराज देवियों - परियों का
कोई अपना नहीं होता
अौर
पराये लोग इन्हें कैसे पूजते हैं ।
आज शीतलाष्टमी हैं
शुक्रगुजार शीतला माता का
इक दिन ही सही 👍 साल में
बासा खाना,बासा पानी
अौर पुराने कपड़ों की
आज तासिर बदल जाती हैं
आज के दिन- शीतलाष्टमी को
दादा - दादी आदर पाते
पुराणों - वेदों की महिमा गाते
हवाई जहाज़ में उडने वाले
सोचते हैं कि
दुख- दरिदता दूर रहे उनसे
बस यही सोच के साथ आज वो
" दरिदता की देवी "
सैढ़ माता -शीतलामात
का वाहन 🚗 गधा को भी पूजते हैं।
सादर : शिवराम मीमरोठ
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इन आँखों से हमें
सब कुछ नया नया अौर युवा युवा
अच्छा लगता हैं
जो दिखता है जमाने में
मगर भूल गये हम
क्यों
बुजुर्गो की कहवत :
नयाँ नो दिन- पुराना सौ दिन
" Old is Gold "
" Old is Gold "
कहे शिवराम सुन मीमरोठ
अगर मगर छोड दो
बस इतना तो सब मानते हैं
परियों - देवियों
अखबार और मोबाइल के
नये एडिसन सदैव सबके
मन को भाते हैं ,
अपनों से ज्यादा तो इन्हें पराये लोग
चाहते हैं।
जब इनका रूप पुराना होता हैं
दुनिया की नजरों में ये
बेढंगे - बेकार नजर आाते हैं
अखबार पुराना खुद रद्दी बन जाता हैं
मोबाइल ई- कचरा कहलाता हैं
मैं ही क्यो बताऊ सारी बातें
जमाना सब कुछ जानता हैं
उम्रदराज देवियों - परियों का
कोई अपना नहीं होता
अौर
पराये लोग इन्हें कैसे पूजते हैं ।
आज शीतलाष्टमी हैं
शुक्रगुजार शीतला माता का
इक दिन ही सही 👍 साल में
बासा खाना,बासा पानी
अौर पुराने कपड़ों की
आज तासिर बदल जाती हैं
आज के दिन- शीतलाष्टमी को
दादा - दादी आदर पाते
पुराणों - वेदों की महिमा गाते
हवाई जहाज़ में उडने वाले
सोचते हैं कि
दुख- दरिदता दूर रहे उनसे
बस यही सोच के साथ आज वो
" दरिदता की देवी "
सैढ़ माता -शीतलामात
का वाहन 🚗 गधा को भी पूजते हैं।
सादर : शिवराम मीमरोठ
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